शिल्पा 24 साल की खूबसूरत लड़की थी। उसकी शादी कल रात 11 बजे हो रही थी। रांची में उसके घर में शादी की तैयारियां जोरों पर थीं। लेकिन शिल्पा के मन में एक बड़ी चिंता थी। उसका सवाल था कि क्या उसका नया पति उसे वैसी संतुष्टि दे पाएगा जैसी पिछले पांच साल से घर के नौकर गगन ने दी थी।
शिल्पा की कद-काठी 5 फुट 5 इंच थी। उसका फिगर 34-30-36 था। गोरी चमड़ी, भरे हुए स्तन और गोल-गोल नितंब। उसकी जवानी हर पुरुष को आकर्षित करती थी। लेकिन कल तक वह सिर्फ गगन की थी।
गगन 30 साल का पंजाबी नौकर था। पिता की नौकरी के कारण परिवार रांची से बाहर चला गया था। मां की तबीयत खराब रहती थी। छोटा भाई आठ साल का था। घर संभालने के लिए गगन को रखा गया। खाना बनाना, कपड़े धोना, घर की सफाई और बच्चों की देखभाल सब गगन करता था।
शिल्पा जब 16 साल की हुई तो गगन के प्रति उसके मन में अलग तरह के भाव जागने लगे। गगन की मर्दाना कद-काठी, उसकी मांसल बाहें और गहरी आवाज उसे खींचती थी। 19 साल की उम्र तक यह आकर्षण यौन इच्छा में बदल चुका था।
शिल्पा गगन को लुभाने की कोशिश करती। गहरे गले की कमीज़ पहनकर सामने आती। झुककर कोई काम करती ताकि उसकी छाती का ऊपरी हिस्सा दिखे। गगन शर्माता लेकिन नजरें हटाता नहीं था।
एक बारिश वाली रात आई। माता-पिता किसी समारोह में गए थे। शिल्पा ने पतली टी-शर्ट और पजामा पहना। जानबूझकर बाहर बारिश में भीगने लगी। कपड़े शरीर से चिपक गए। ब्रा का काला रंग साफ दिखने लगा। गगन अंदर खड़ा देख रहा था।
शिल्पा ने गगन को बुलाया। “गगन, आओ ना! बारिश कितनी अच्छी है!” गगन ने मना किया। “बहन जी, यह ठीक नहीं।” लेकिन शिल्पा ने उसका हाथ पकड़कर खींच लिया। दोनों बारिश में भीग गए। शिल्पा ने गगन को कसकर गले लगा लिया। उसकी छाती गगन की छाती से सट गई।
शिल्पा ने गगन के होंठों पर अपना मुंह रख दिया। गगन ने पहले विरोध किया। “शिल्पा जी, मैं नौकर हूं। उम्र में भी बड़ा हूं। अगर माता-पिता को पता चला तो…” शिल्पा ने उसके मुंह पर उंगली रख दी। “कोई नहीं जान पाएगा। सिर्फ हम दोनों।”
शिल्पा ने अपनी गीली टी-शर्ट उतार दी। काला ब्रा पहने हुए उसके स्तन बाहर निकल आए। गगन की सांसें तेज हो गईं। उसने शिल्पा को उठाकर अंदर ले गया।
बेडरूम में पहुंचकर गगन ने शिल्पा के ब्रा का हुक खोला। उसके स्तन आजाद हो गए। गगन ने एक स्तन को मुंह में लिया। जीभ से चूचक को चाटा। शिल्पा का शरीर सिहर उठा।
गगन ने शिल्पा की पजामा की डोरी खोली। पजामा नीचे गिरा। शिल्पा पूरी तरह नंगी थी। गगन ने भी अपने कपड़े उतारे। उसका लिंग बाहर आया। आठ इंच लंबा और तीन इंच मोटा। शिल्पा को डर लगा लेकिन साथ ही उत्साह भी।
गगन ने शिल्पा को बिस्तर पर लिटाया। उसकी जांघें फैलाईं। उसने शिल्पा की जांघों के बीच मुंह रख दिया। जीभ से उसकी चूत चाटने लगा। शिल्पा ने सिर पीछे झटका। “आह… गगन…” गगन ने उसकी चूत के होठों को चूसा। फिर उसकी गांड के छेद को चाटा।
शिल्पा ने गगन का लिंग हाथ में लिया। मुंह में डालने की कोशिश की। सिर्फ सिरा ही मुंह में समा पाया। गगन का लिंग इतना मोटा था कि शिल्पा को घुटन होने लगी। फिर भी वह चूसती रही।
गगन ने शिल्पा को मिशनरी पोजीशन में लिटाया। उसके लिंग को शिल्पा की चूत पर रखा। धीरे-धीरे दबाव डाला। शिल्पा की कुंवारी झिल्ली फटी। खून निकला। शिल्पा चीख पड़ी। “दर्द हो रहा है!” गगन ने रुकने से इनकार कर दिया।
धीरे-धीरे पूरा लिंग अंदर घुस गया। गगन रुक गया। शिल्पा की सांसें भारी थीं। दर्द धीरे-धीरे कम हुआ। गगन ने धक्का मारा। शिल्पा का शरीर हिल गया।
गगन ने रफ्तार बढ़ाई। शिल्पा की चूत से खून साफ किया। फिर जोर-जोर से चोदने लगा। शिल्पा को पहला संभोग सुख मिला। उसका शरीर कांपने लगा। “गगन… मैं… आह!” पहला ओर्गेज्म आया।
गगन ने शिल्पा की टांगें उठाईं। और गहराई तक लिंग घुसाया। शिल्पा फिर चीखी। दूसरा ओर्गेज्म आया। गगन ने शिल्पा को कुत्ते वाली पोजीशन में करवट दी। पीछे से लिंग डाला।
करीब 45 मिनट तक गगन शिल्पा को चोदता रहा। शिल्पा को तीन बार ओर्गेज्म आया। आखिर में गगन ने जोर से धक्का मारा और शिल्पा की चूत में अपना वीर्य छोड़ा।
उस रात के बाद गगन नियमित रूप से शिल्पा के साथ सोने लगा। जब भी माता-पिता बाहर जाते, दोनों बेडरूम में मिलते। गगन शिल्पा को अलग-अलग तरीकों से चोदता। शिल्पा हर बार संतुष्ट होती।
शिल्पा की उम्र 20 हुई तो गगन ने उसे और भी गंदे तरीके सिखाए। शिल्पा गगन का लिंग चूसने में माहिर हो गई। गगन शिल्पा की गांड भी मारने लगा। पहले दर्द होता था लेकिन बाद में शिल्पा को मजा आने लगा।
गगन शिल्पा को सुबह नहाने के बाद चोदता। दोपहर को जब घर खाली होता। रात को जब माता-पिता सो जाते। शिल्पा की चूत गगन के लिंग की आदी हो गई थी।
शिल्पा ने कई बार गगन से पूछा कि क्या वह उससे शादी करेगा। गगन ने साफ मना कर दिया। “मैं नौकर हूं। तुम्हारे माता-पिता कभी मंजूरी नहीं देंगे।” शिल्पा को दुख होता लेकिन गगन के साथ सेक्स का मजा इतना था कि वह चुप रहती।
अब शिल्पा की शादी होने वाली थी। उसका दूल्हा एक अच्छे घर का लड़का था। लेकिन शिल्पा को डर था कि वह गगन जितना अच्छा सेक्स कर पाएगा या नहीं। गगन का लिंग बड़ा था। उसकी रफ्तार तेज थी। वह शिल्पा को घंटों चोदता था।
शादी की रात से एक दिन पहले शिल्पा ने गगन से आखिरी बार मिलने का फैसला किया। रात को जब सब सो गए, शिल्पा ने गगन को बेडरूम में बुलाया।
गगन आया। शिल्पा ने दरवाजा बंद किया। दोनों ने एक-दूसरे के कपड़े उतारे। गगन ने शिल्पा को बिस्तर पर लिटाया। उसकी चूत चाटी। शिल्पा ने गगन का लिंग चूसा।
गगन ने शिल्पा को पीछे से चोदा। फिर सामने से। शिल्पा को दो बार ओर्गेज्म आया। गगन ने शिल्पा की चूत में वीर्य छोड़ा।
शिल्पा ने गगन से कहा, “कल के बाद शायद हम कभी न मिलें।” गगन ने जवाब दिया, “तुम्हारा पति अच्छा होगा।” शिल्पा ने सिर हिलाया। “कोई गगन जितना अच्छा नहीं हो सकता।”
गगन ने शिल्पा को आखिरी बार चूमा। दोनों ने कपड़े पहने। गगन चला गया। शिल्पा बिस्तर पर लेटी रही। कल उसकी शादी थी। लेकिन उसका मन गगन के साथ था।
शादी के दिन शिल्पा तैयार हुई। लाल लहंगा पहना। गले में सोने का हार। हाथों में चूड़ियां। लेकिन मन में चिंता थी।
शाम को बारात आई। दूल्हा आया। शिल्पा ने देखा कि दूल्हा औसत कद का था। उसका शरीर पतला था। शिल्पा को डर लगा।
रात 11 बजे फेरे हुए। शिल्पा दूल्हे के साथ विदा होकर उसके घर गई। दूल्हे के माता-पिता ने कमरा सजाया था।
शिल्पा और दूल्हा अकेले हुए। दूल्हे ने शिल्पा का घूंघट उठाया। दोनों ने कपड़े उतारे। दूल्हे का लिंग औसत साइज का था। शिल्पा को निराशा हुई।
दूल्हे ने शिल्पा को चोदा। 10 मिनट में खत्म हो गया। शिल्पा को कुछ भी महसूस नहीं हुआ। वह गगन को याद करने लगी।
अगली सुबह शिल्पा ने गगन को मैसेज किया। “तुम्हारी याद आ रही है।” गगन ने जवाब दिया, “मैं भी तुम्हें याद करता हूं।” शिल्पा ने लिखा, “क्या हम कभी मिल सकेंगे?” गगन ने लिखा, “शायद नहीं।”
शिल्पा ने फोन रख दिया। वह खिड़की के पास गई। बाहर बारिश हो रही थी। उसे गगन की याद आई। जब दोनों बारिश में भीगे थे। जब गगन ने पहली बार उसे चोदा था।
शिल्पा ने सोचा कि शायद उसकी जिंदगी में गगन का अध्याय खत्म हो चुका था। लेकिन उसका शरीर अभी भी गगन के स्पर्श को याद करता था।
दिन बीतते गए। शिल्पा का पति उसे रोज चोदता। लेकिन शिल्पा को कभी भी गगन जैसा मजा नहीं आता था। वह गगन को याद करती।
एक दिन शिल्पा ने गगन को फोन किया। “मैं तुमसे मिलना चाहती हूं।” गगन ने कहा, “यह गलत होगा।” शिल्पा ने जिद की। “बस एक बार।”
गगन मान गया। दोनों एक होटल में मिले। गगन ने शिल्पा को कमरे में ले जाकर चोदा। शिल्पा को तीन बार ओर्गेज्म आया।
उस दिन के बाद शिल्पा और गगन कभी-कभी मिलने लगे। शिल्पा का पति कुछ नहीं जानता था। शिल्पा गगन के साथ सेक्स करके संतुष्ट होती।
शिल्पा की जिंदगी दो हिस्सों में बंट गई। एक हिस्सा पति के साथ, दूसरा गगन के साथ। वह दोनों के बीच संतुलन बनाकर रखती।
गगन शिल्पा को नए-नए तरीके सिखाता। शिल्पा गगन के साथ हर तरह का सेक्स करती। गगन शिल्पा की गांड मारता। मुंह में लिंग डालता। शिल्पा सब कुछ स्वीकार करती।
शिल्पा का पति उसे प्यार करता था। लेकिन सेक्स में वह गगन जितना अच्छा नहीं था। शिल्पा को दोनों की जरूरत थी।
एक दिन शिल्पा का पति बाहर गया। शिल्पा ने गगन को बुलाया। दोनों पूरे दिन सेक्स करते रहे। शिल्पा को कई बार ओर्गेज्म आया।
शाम को जब पति लौटा तो शिल्पा थकी हुई थी। पति ने पूछा, “तुम ठीक हो?” शिल्पा ने कहा, “हां, बस थक गई हूं।”
शिल्पा की जिंदगी इसी तरह चलती रही। गगन के साथ सेक्स, पति के साथ सामान्य जिंदगी। वह दोनों को संभालती रही।
शिल्पा को पता था कि यह गलत था। लेकिन गगन के साथ सेक्स का मजा इतना था कि वह नहीं छोड़ सकती थी।
गगन भी शिल्पा को नहीं छोड़ना चाहता था। वह शिल्पा के शरीर का आदी हो गया था। शिल्पा की चूत उसके लिंग के लिए बनी थी।
शिल्पा की उम्र 30 हुई। अब भी गगन उसके साथ सेक्स करता था। शिल्पा का पति कुछ नहीं जानता था।
शिल्पा ने सोचा कि शायद उसकी जिंदगी इसी तरह चलती रहेगी। गगन के साथ गुपचुप सेक्स, पति के साथ सामान्य जिंदगी।
लेकिन एक दिन शिल्पा का पति शक करने लगा। उसने शिल्पा से पूछा, “तुम किसी और से मिल रही हो?” शिल्पा ने मना कर दिया।
पति ने शिल्पा की फोन कॉल्स चेक कीं। गगन का नंबर मिला। पति गुस्से में आ गया।
शिल्पा ने सब कुछ कबूल कर लिया। पति ने कहा, “तुम मुझे छोड़कर गगन के पास चली जाओ।” शिल्पा ने मना कर दिया।
पति ने शिल्पा को तलाक दे दिया। शिल्पा अकेली रह गई। गगन उसके पास आया।
दोनों ने शादी कर ली। शिल्पा और गगन अब खुलकर सेक्स करते थे। शिल्पा को आखिरकार वह मिल गया था जो वह चाहती थी।
शिल्पा की जिंदगी में गगन हमेशा रहा। पहले नौकर के रूप में, फिर प्रेमी के रूप में, और आखिर में पति के रूप में।
शिल्पा को पता था कि गगन उसके लिए सही था। उसका शरीर गगन के स्पर्श के लिए तरसता था।
गगन शिल्पा को रोज चोदता। शिल्पा को हर बार ओर्गेज्म आता। दोनों खुश थे।
शिल्पा की कहानी यहीं खत्म नहीं होती। वह और गगन लंबे समय तक साथ रहे।
शिल्पा ने सीखा कि सच्चा प्यार और सच्चा सेक्स एक ही इंसान में मिल सकता है।
गगन शिल्पा का पहला और आखिरी प्यार था।
शिल्पा की जिंदगी में गगन का महत्वपूर्ण योगदान था।
दोनों ने मिलकर एक नया जीवन शुरू किया।
शिल्पा अब पूरी तरह से संतुष्ट थी।
गगन के साथ उसकी जिंदगी पूरी हुई।
शिल्पा और गगन की कहानी एक उदाहरण है कि कैसे दो लोग एक-दूसरे के लिए बने होते हैं।
शिल्पा की शादी गगन से हुई। दोनों खुशहाल जीवन जीने लगे।
शिल्पा को अब कोई चिंता नहीं थी।
गगन शिल्पा को रोज संतुष्ट करता था।
शिल्पा की जिंदगी में सब कुछ ठीक हो गया।
दोनों ने मिलकर एक परिवार बसाया।
शिल्पा और गगन की प्रेम कहानी पूरी हुई।